Handwriting

                                       

हस्तलेख का महत्व तो गुज़रे ज़माने के लोगों से बेहतर कोई नहीं जान सकता ।

हालाँकि ईमेल और चैटिंग के इस दौर मैं हस्तलेख लगभग ख़त्म ही हो गया है , माध्यमिक कक्षाओं तक ग्रह कार्य ज़रूर अभी भी हाथ से लिख कर ही किया जाता है ।
लेकिन हस्त लेख व्यक्तिव का आइना होता है , सुंदर लिखावट देख कर सबसे पहला प्रश्न यही होता है , किस ने लिखा है ?
ज्योतिष कार्य मैं कई बार हस्त लेख की मदद से भी व्यक्ति के बारे मैं कई चीज़ें जानने की कोशिश की जाती है ।

एक पेराग्राफ लिखने को दिया जाता है , फिर उसकी लिखावट का अध्यन करने पर ये निष्कर्ष निकलता है की जो अगर लिखावट सुंदर हो, एक लाइन मैं हो , बराबर आकार के अक्षर हो , ऐसे व्यक्ति perfectionist होते है , समय के पाबंद व अनुशासन प्रिय होते है ।

अगर लिखावट बेतरतिब हो , कुछ अक्षर बड़े कुछ छोटे हो , ऐसे व्यक्ति सामान्य तौर पर अव्यवस्थित व लापरवाह क़िस्म के होते है ।

कई लिखावट ऐसी होती है , जिसमैं शुरू की कुछ पंक्तिया सुंदर व जमी हुई होती है , धीरे धीरे बिगड़ कर , अंत मैं ना पढ़ने जैसी हो जाती है , ऐसे व्यक्ति अस्थिर मनोव्रत्ती के होते है , विचारों मैं जल्दी बदलाव होता है , ऐसे लोगों की निर्णय क्षमता अच्छी नहीं होती है ।

कुछ लिखावटे भारी होती है जो काग़ज़ के पीछे भी उभर आती है , ऐसे लोगों की मानसिकता दवाब बनाने की होती है , अधिकांश उच्च पदाधिकारियों की लिखावट या हस्ताक्षर ऐसे ही होते है ।

कुछ बेहद हल्के हाथ से लिखते है , ऐसे लोगों का रवेया भी बड़ा सामान्य होता है , जल्दी आवेशित नहीं होते है , समझोता करने वाले आसानी से सामंजस्य बिठा लेते है ।

कुछ लोग लिखते समय फूल पत्ती  या अपनी लिखावट को अलंक्रत करते है , वो लोग नरम दिल के कला प्रेमी होते है ।
कई हस्ताक्षर नीचे से ऊपर की और करते है , ऐसे लोग मेहनत मैं यक़ीन करते है और सामान्य रूप से सामान्य प्रस्ठभूमि से आ कर भी बहुत ऊँचाइया प्राप्त करते है ।

कई हस्ताक्षर ऊपर से नीचे की और करते है , ऐसे लोगों की मानसिकता नकारात्मक होती है ।
इसलिए handwriting को brain writing भी कहा जाता है ।

फ़ोटो गूगल से साभार 

घरेलू सोंदर्य प्रसाधन

                                       

हमारी रसोई मैं ही इतनी सामग्री आपको मिल जाएगी , जो सौंदर्य प्रसाधनो के रूप मैं उपयोग कर सकते है , त्वचा को प्राक्रतिक रूप से स्वस्थ रख सकते है 

बेसन 

बेसन मैं दूध और ज़रा सी हल्दी और कुछ बूँदे तेल की मिला कर पेस्ट बना कर दस मिनट तक लगा कर रखे , फिर धो ले , त्वचा मैं निखार आ जाएगा ।

शहद 

शहद त्वचा को साफ़ करता है , शहद मैं निबु के रस की कुछ बूँदे मिला कर चेहरे पर लगाए , दस मिनट बाद धो ले ।

अलोवेरा 

अलोवेरा के जेल मैं थोड़ी सी सूजी या खस खस मिला कर , चेहरे व हाथो पर लगा कर रगड़े , ये बहुत ही अच्छा scrubber है ।

शक्कर 

नारियल के तेल मैं पिसी हुई शक्कर मिला कर scrubber की तरह उपयोग करे , विशेष कर सर्दियों मैं ।

पपीता 

पके पपीते के गूदे को मेश कर के निबु का रस मिला कर दस मिनट लगा कर रहे , फिर ठंडे पानी से धो ले । त्वचा खिल जाएगी ।

केला 

पके केले के गूदे को मेश कर के थोड़ा सा दूध और कुछ बूँदे जेतून के तेल की मिला कर लगाए , ये बहुत ही अच्छा फ़ेस पैक है ।

खीरा 

खीरे को कद्दू कस करके चेहरे पर विशेष कर आँखो के नीचे लगाने से काले घेरे कम होंगे ।

आलू 

आलू को कद्दूकस कर के रस निकाल कर चेहरे पर लगा ले , दस मिनट बाद धोए । चेहरा खिल जाएगा ।

टमाटर 

पके लाल टमाटर को पीस कर ,नीबू के रस  की कुछ बुँदे मिला कर ,चेहरे पर लगा ले ,दस मिनट लगा रहने दे ,ठंसे पानी से धो ले। यान natural bleach का काम करता है।

बर्फ़ 

आँखो के नीचे की फूली हुई त्वचा पर बर्फ़ लगाने से , त्वचा सामान्य दिखने लगेगी ।

काफ़ी पाउडर 

काफ़ी पाउडर मैं एक दो बंद पानी की मिला कर पेस्ट बना कर चेहरे पर लगाए , विशेष कर आँखो के नीचे , बहुत फ़ायदा मिलेगा ।

चोकलेट 

चोकलेट को पिघला कर पैक की तरह इस्तेमाल करे , यक़ीन मानिए आप चोकलेट खाने से ज़्यादा लगाने मैं इस्तेमाल करेंगे 

पेट्रोलियम जेली

इसको रात को सोते समय आँखो के नीचे , और होंठो पर लगाए , कुछ ही दिनो मैं बहुत फ़र्क़ दिखाई देगा ।


ऐसे ही हमारे घरों मैं विशेष कर किचन मैं अनगिनत चीज़ें है , जिन्हें हम खाने के साथ , सोंदर्य प्रसाधन की तरह भी इस्तेमाल कर सकते है